ड्रोन की रौशनी में सजी श्रद्धा की शाम: श्रावणी मेले में पहली बार हुआ बाबा बैद्यनाथ का भव्य ड्रोन शो
झारखंड के देवघर में आयोजित श्रावणी मेला इस बार आस्था के साथ तकनीक का भी संगम बना। बाबा बैद्यनाथ धाम में पहली बार आयोजित हुआ ड्रोन शो, जिसने हजारों श्रद्धालुओं के दिलों को छू लिया। इस ऐतिहासिक आयोजन में भक्तों ने देखा कि कैसे आसमान में रौशनी के माध्यम से बाबा बैद्यनाथ की कथा और संस्कृति को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया गया।
क्या खास था इस ड्रोन शो में?
- 500 से अधिक ड्रोनों का अद्भुत समन्वय:
शाम ढलते ही आसमान में एक के बाद एक उड़ते ड्रोन ने अद्भुत चित्रों और आकृतियों का निर्माण किया — कभी बाबा बैद्यनाथ की छवि, कभी शिवलिंग, और कभी ‘बोल बम’ के चमकते शब्द।
- श्रावणी परंपरा की डिजिटल प्रस्तुति:
कांवरियों की यात्रा, गंगाजल भरने से लेकर देवघर पहुंचने तक की पूरी यात्रा को भी रौशनी के माध्यम से दर्शाया गया। यह श्रद्धालुओं के लिए भावुक और प्रेरणादायक अनुभव था।
- पर्यटन और टेक्नोलॉजी का मिलन:
इस शो का उद्देश्य न सिर्फ श्रद्धा को और गहरा करना था, बल्कि देवघर को एक टेक्नोलॉजी-फ्रेंडली धार्मिक पर्यटन स्थल के रूप में भी प्रस्तुत करना था।
सरकार और प्रशासन की सराहनीय पहल
झारखंड सरकार और जिला प्रशासन की इस पहल ने न केवल श्रद्धालुओं को एक नया अनुभव दिया, बल्कि देवघर की पहचान को भी नई ऊंचाइयों पर पहुंचाया। इस कार्यक्रम के सफल आयोजन से यह उम्मीद भी जगी है कि आने वाले वर्षों में ऐसे और नवाचार देखे जा सकेंगे।
श्रद्धालुओं की प्रतिक्रिया:
श्रद्धालुओं ने इसे “अभूतपूर्व अनुभव” बताया। कई ने कहा कि यह शो बाबा के प्रति भक्ति को एक नए रूप में दर्शाता है और नई पीढ़ी को भी आकर्षित करता है।यह पहला मौका था जब देवघर में इतनी बड़ी तकनीकी प्रस्तुति श्रद्धा के साथ जोड़ी गई। आने वाले वर्षों में ऐसे और आयोजन इस धार्मिक यात्रा को और भी भव्य और आधुनिक बना सकते हैं।
कहां हुआ आयोजन?
ड्रोन शो का आयोजन बाबा मंदिर प्रांगण के पास, श्रद्धालुओं की भीड़ को ध्यान में रखते हुए खुले मैदान में किया गया, ताकि हर कोई इस अद्भुत नजारे को देख सके।